बचपन में चाचा चौधरी और पिंकी की कॉमिक्स तो आप सबने पढ़ी होंगी, लेकिन मोबाइल, लैपटॉप और टैबलेट के बढ़ते चलन की वजह से धीरे-धीरे बच्चों के हाथों से कॉमिक्स खत्म होने लगीं है। लेकिन अब आप इस ब्लॉग में चाचा चौधरी और दूसरी कई मनपसंद कॉमिक्स बड़े आरा… Read more »
बहुत ही कनफुजिया गया हूँ भगवान
बहुत ही कनफुजिया गया हूँ भगवान, कुछ तो गलती कर रहें हैं हम इन्सान कि हमारी बात तुम तक पहुँच नहीं रही है, हमारी कठिनाई बूझिए न| तनिक गाइड कर दीजिए, हाथ जोड़कर आपसे बात कर रहें हैं, माथा ज़मीन पर रखें, घंटी बजा कर आप को जगायें कि लाउडस्पीकर पर आव़ाज दें… Read more »
औरों की परवाह
एक दिन एक दस साल का बच्चा एक आइसक्रीम की दुकान पर गया और टेबल पर बैठ कर एक महिला वेटर से पूछा , " एक कोन आइसक्रीम कितने की है ?" उसने कहा , " पचहत्तर रुपये की "| बच्चा हाथ में पकड़े सिक्कों को गिनने लगा , फिर उसने पूछा कि छोटी कप वाली आइसक्रीम कितने … Read more »
नानी तेरी मोरनी को मोर ले गए
नाना नानी के ज़माने का गाना । यूँ कहिये संयुक्त परिवार के युग का गीत। जब तीन पीढ़ियाँ एक साथ रहा करती थी। नानी तेरी मोरनी को मोर ले गए बाकी जो बचा था काले चोर ले गए नानी तेरी मोरनी को मोर ले गए बाकी जो बचा था काले चोर ले गए खाके पीके मोटे होके, चोर बै… Read more »
कछुआ और खरगोश की कहानी (Latest edition)
कछुआ और खरगोश की कहानी हम बचपन से सुनते आ रहे हैं। लेकिन आज मैं आपके सामने इस कहानी का नया और Latest edition रख रहा हूँ। * कछुआ और खरगोश में एक दिन दौड़ की प्रतियोगिता हुई। खरगोश ने मन ही मन सोचा कि ये सुस्त और धी… Read more »
चाँद का कुर्ता
आज अचानक बैठे बैठे बचपन की एक कविता याद आ गयी, जो कभी मैंने अपने स्कूल के दिनों में पढ़ी थी| "चाँद का कुर्ता" रामधारी सिंह 'दिनकर' द्वारा रचित एक बाल कविता है| अपनी यात्रा करते समय चाँद को सर्दी लगती तो माँ से एक झिंगोला सिलवाने को कहता है| लेकिन म… Read more »